कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में यह दावा हुआ कि धर्मेंद्र (89 वर्ष) का निधन हो गया है। लेकिन बाद में उनकी टीम ने इसका खंडन किया और कहा कि ये खबर गलत है। हाल ही में उन्होंने सांस लेने में परेशानी के बाद Breach Candy Hospital, मुंबई में भर्ती होना पड़ा था, लेकिन स्थिति चिंतित नहीं बताई गई है। उनकी तबीयत में कुछ दिन पहले से परेशानी शुरू हुई थी; उन्हें सांस (breathlessness) की शिकायत हुई और उन्हें मुंबई के Breach Candy Hospital में भर्ती कराया गया था। सुबह‑सुबह सोशल मीडिया व कुछ समाचार माध्यमों में यह दावा फैल गया कि धर्मेंद्र का निधन हो गया है। लेकिन इस तरह की खबरें गलत पाई गईं। उनकी बेटी Esha Deol ने सोशल मीडिया पर स्पष्ट किया कि धर्मेंद्र “स्थिर हैं और ठीक हो रहे हैं”। उनकी पत्नी Hema Malini ने भी कहा कि यह अफवाहें अत्यंत गैर‑जिम्मेदार हैं और मीडिया तथा जनता से निवेदन किया कि पारिवारिक निजता का मान रखें। “वे वेंटिलेटर पर नहीं हैं”, यह जानकारी भी सामने आई है, जिसमें कहा गया कि वेंटिलेटर संबंधी खबरें अफवाह हैं। उनकी बेटी Esha Deol और पत्नी Hema Malini ने सार्वजनिक रूप से इस खबर का खंडन किया और बताया कि धर्मेंद्र स्थिर और रिकवरी की ओर हैं।
भारतीय हिन्दी सिनेमा के महान अभिनेताओं में से एक, धर्मेंद्र का जन्म 8 दिसंबर 1935 को पंजाब के नसराली गाँव में हुआ था। उनका असली नाम था धर्मेंद्र केवल कृष्ण देओल। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत 1960 में फिल्म Dil Bhi Tera Hum Bhi Tere से की थी। उनका सफर बेहद रोचक रहा; उन्होंने 1960‑70 के दशक में रोमांस, एक्शन, कॉमेडी और ड्रामा सभी में अपनी छाप छोड़ी। जैसे कि Phool Aur Patthar (1966), Seeta Aur Geeta (1972) और सबसे प्रसिद्ध Sholay (1975) जैसी फिल्मों में उन्होंने शानदार अभिनय किया। उनको बॉलीवुड में “He-Man” का नाम भी मिला है, उनकी दमदार उपस्थिति और बहुमुखी अभिनय के कारण। व्यक्तिगत जीवन में उन्होंने पहली शादी 1954 में प्रीकाश कौर से की और बाद में प्रसिद्ध अभिनेत्री Hema Malini से भी विवाह किया। उनके बेटे सुन्नी देओल और बॉबी देओल भी अभिनेता बने। राजनीति में भी उन्होंने हाथ आजमाया, 2004 में उन्होंने Bharatiya Janata Party के टिकट पर सांसद चुने गए। उन्हें 2012 में भारत सरकार द्वारा नागरिक सम्मान Padma Bhushan से भी सम्मानित किया गया। धर्मेंद्र ने खूबसूरती, फिटनेस, बहुमुखी अभिनय और दर्शकों के साथ गहरी जुड़ाव के कारण हिन्दी सिनेमा में एक अमिट छाप छोड़ी है।
Dharmendra ने 1960 के दशक से हिंदी सिनेमा में सक्रिय होकर 300 से अधिक फिल्मों में काम किया है, जिसमें उन्होंने रोमांटिक, एक्शन, कॉमेडी और ड्रामा-सब शैलियों में छाप छोड़ी है। उन्होंने 1971 में Mera Gaon Mera Desh, 1972 में Seeta Aur Geeta, और 1975 में Sholay, Satyakam (1969), Anupama (1966), Chupke Chupke (1975) जैसी फिल्मों में प्रमुख भूमिका निभाई। 2000 के बाद उन्होंने चरित्र भूमिकाएँ और विशेष अभिनय‑कलाकार के रूप में भी काम किया, जैसे कि Rocky Aur Rani Kii Prem Kahaani (2023) में नज़र आए। उनके अभिनय‑सफर को कई पुरस्कारों एवं सम्मान‑आँदोलनों ने सशक्त किया है। उन्हें 1997 में Filmfare Lifetime Achievement Award दिया गया। 2012 में उन्हें भारत सरकार द्वारा उच्च नागरिक सम्मान Padma Bhushan से विभूषित किया गया। इसके अलावा उन्हें अमेरिका के न्यू जर्सी राज्य द्वारा भी उनके योगदान के लिए जीवन‑उपलब्धि पुरस्कार प्रदान किया गया था। हाल ही में महाराष्ट्र राज्य सरकार ने उन्हें Raj Kapoor Lifetime Achievement Award से सम्मानित करने की घोषणा की है।
वर्ष 2024‑25 में Dharmendra ने सक्रिय रूप से सार्वजनिक उपस्थिति बनाए रखी है। उदाहरणस्वरूप उन्होंने 2024 में सोशल‑मीडिया पर स्वास्थ्य‑संदेश साझा किये और 2025 में एक वीडियो में खुद को स्वस्थ रहने व सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने का संदेश देते हुए देखा गया। उन्होंने 2022 में Dadasaheb Phalke International Film Festival Awards 2022 के उद्घाटन में भाग लिया। इसके अलावा उन्होंने 2023‑24 में फिल्मों तथा सामाजिक‑सांस्कृतिक गतिविधियों में सक्रियता दिखाई है।